IndusInd Bank के शेयरों में 27% की भारी गिरावट, 52-Week का नया निचला स्तर छुआ

IndusInd Bank के निवेशकों के लिए मंगलवार का दिन बेहद खराब रहा। बैंक के विदेशी मुद्रा डेरिवेटिव (Forex Derivatives) बुक में गड़बड़ी सामने आने के बाद इसके शेयरों में लगभग 27% की भारी गिरावट आई।
अब तक की सबसे बड़ी गिरावट
दोपहर 3:10 बजे तक, IndusInd Bank के शेयर ₹653.40 पर ट्रेड कर रहे थे, जो कि 27.45% की गिरावट को दर्शाता है। यह मार्च 2020 में कोविड-19 मार्केट क्रैश के बाद बैंक के लिए सबसे खराब सिंगल-डे परफॉर्मेंस रहा।
इतना ही नहीं, यह स्टॉक पिछले एक साल में Nifty 50 का सबसे कमजोर प्रदर्शन करने वाला शेयर बन चुका है, और मंगलवार की गिरावट ने इस नुकसान को और गहरा कर दिया।
शेयर क्यों धड़ाम हुए?
IndusInd Bank ने अपने फॉरेक्स ट्रांजैक्शंस की रिपोर्टिंग में गड़बड़ी मानी है। बैंक ने हेजिंग कॉस्ट (जोखिम प्रबंधन लागत) को सही से दर्ज नहीं किया था, जिससे इसके नेट वर्थ पर 2.35% का असर पड़ा।
विशेषज्ञों के मुताबिक, इस गलती से बैंक को ₹1,500 करोड़ से ₹2,000 करोड़ तक का झटका लग सकता है।
बैंक के CEO सुमंत कठपालिया ने बताया कि यह समस्या सितंबर-अक्टूबर 2024 में नए बैंकिंग नियमों के लागू होने के बाद सामने आई।
हालांकि, ब्रोकरेज फर्म्स को बैंक की सफाई पर भरोसा नहीं हो रहा।
ब्रोकरेज फर्म्स ने क्या कहा?
Jefferies ने इसे “कमजोर आंतरिक नियंत्रण” का मामला बताया और कहा कि बैंक को FY25 में एक बार का बड़ा घाटा उठाना पड़ेगा।
Nuvama ने IndusInd Bank के स्टॉक को “Reduce” रेटिंग दी और टारगेट प्राइस ₹750 तय किया। इसकी वजहें?
- बैंक के CFO का इस्तीफा
- CEO को सिर्फ 1 साल का एक्सटेंशन
- और अब अकाउंटिंग गड़बड़ी
Motilal Oswal ने रेटिंग “Neutral” कर दी और टारगेट प्राइस ₹925 रखा। उनका मानना है कि यह मामला बैंक के Q4FY25 के रिजल्ट्स पर असर डालेगा और बाजार में सेंटीमेंट बिगाड़ेगा। हालांकि, नेतृत्व और गवर्नेंस सुधारों से हालात संभल सकते हैं।
Emkay Global ने भी स्टॉक डाउनग्रेड कर दिया और टारगेट प्राइस ₹875 कर दिया। ब्रोकरेज ने कहा कि अकाउंटिंग विवाद और Q4FY25 के एक्सटर्नल ऑडिट को लेकर फिलहाल काफी अनिश्चितता है।
आगे क्या होगा?
इंडसइंड बैंक पहले ही अक्टूबर से 46% वैल्यू गंवा चुका है, और मंगलवार को 20% मार्केट कैप और उड़ गया। ऐसे में निवेशकों का भरोसा लौटाना मुश्किल लग रहा है।
अब सबकी नजर बाहरी ऑडिट रिपोर्ट, लीडरशिप बदलाव और बैंक की रिकवरी स्ट्रैटेजी पर टिकी होगी। फिलहाल, IndusInd Bank गहरी मुसीबत में दिख रहा है और इसमें सुधार होने में वक्त लग सकता है।
BUY, HOLD या SELL?
स्टॉक पिछले एक साल में 56% गिर चुका है, और मंगलवार को 25% और टूट गया।
कुछ ब्रोकरेज का मानना है कि इस स्तर से स्टॉक में मामूली रिकवरी संभव है, लेकिन बैंक की गवर्नेंस, ऑडिट रिपोर्ट और लीडरशिप स्थिरता पर बहुत कुछ निर्भर करेगा।
निवेशकों के लिए सलाह?
अगर आप लंबी अवधि के निवेशक हैं, तो स्थिति स्पष्ट होने तक इंतजार करें। लेकिन अगर आप शॉर्ट-टर्म ट्रेडर हैं, तो सावधानी बरतें क्योंकि अभी अनिश्चितता ज्यादा है और जोखिम ऊंचा।
Also Read : UPI और RuPay डेबिट कार्ड से लेनदेन पर फिर लग सकता है चार्ज, सरकार कर रही विचार