Sundar Pichai बोले 2025 महत्वपूर्ण होगा, Gemini AI पर रहेगा सबसे बड़ा फोकस

Sundar Pichai on Gemini AI : गूगल के CEO सुंदर पिचाई ने 2025 को कंपनी के लिए एक निर्णायक साल के रूप में बताया है, जब कंपनी आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) के क्षेत्र में अपनी स्थिति मजबूत करने के लिए संघर्ष करेगी। इस विज़न का केंद्रबिंदु गूगल का ‘जेमिनी’ AI मॉडल है, जिसे पिचाई के मुताबिक, बढ़ती हुई उपभोक्ता मांग और उद्योग की चुनौतियों को ध्यान में रखते हुए तेजी से विकसित और विस्तारित किया जाएगा।
सीएनबीसी के मुताबिक, 18 दिसंबर को गूगल के एक रणनीतिक बैठक में पिचाई ने कंपनी के अधिकारियों से बातचीत करते हुए 2025 को “उच्च दांव” वाला साल बताया। उन्होंने कहा, “मुझे लगता है कि 2025 बहुत महत्वपूर्ण होगा… यह सचमुच जरूरी है कि हम इस क्षण की तात्कालिकता को समझें और एक कंपनी के रूप में तेजी से आगे बढ़ें। दांव ऊंचे हैं। ये परिवर्तक क्षण हैं। 2025 में हमें इस तकनीक के लाभों को अनलॉक करने और असली उपयोगकर्ता समस्याओं को हल करने पर निरंतर ध्यान केंद्रित करना होगा।”
यह बैठक, जिसमें पिचाई के साथ कर्मचारी छुट्टियों के स्वेटर पहनकर मौजूद थे, माहौल हल्का-फुल्का था, लेकिन उनका संदेश गंभीर था। पिचाई ने कर्मचारियों से आने वाले साल को तत्परता और दृढ़ता के साथ अपनाने की अपील की और जोर दिया कि AI में सफलता के लिए तेज़ और केंद्रित प्रयासों की आवश्यकता होगी।
जेमिनी को फैलाना हमारा सबसे बड़ा फोकस
गूगल का ‘जेमिनी’ AI मॉडल पहले ही प्रभावशाली प्रदर्शन कर चुका है, लेकिन पिचाई ने यह भी स्वीकार किया कि इसे अपनी गति बनाए रखने और प्रतिस्पर्धियों को पीछे छोड़ने के लिए महत्वपूर्ण सुधारों की आवश्यकता होगी। पिचाई ने कहा, “हमारे पास 2025 में करने के लिए कुछ काम हैं, ताकि हम गैप को बंद कर सकें और वहां एक नेतृत्व की स्थिति स्थापित कर सकें। उपभोक्ताओं के बीच जेमिनी को फैलाना हमारा सबसे बड़ा फोकस होगा।”
जेमिनी का गूगल के इकोसिस्टम में इंटीग्रेशन कंपनी की रणनीति का एक अहम हिस्सा बनेगा। पिचाई ने जेमिनी को गूगल के विभिन्न उत्पादों और सेवाओं में शामिल करने की योजनाओं का खाका प्रस्तुत किया, ताकि यह यूज़र अनुभव को बदल सके और गूगल की नवाचार की प्रतिष्ठा को और मजबूत किया जा सके।
AI क्षेत्र में तीव्र प्रतिस्पर्धा
पिचाई ने AI के क्षेत्र में गूगल की प्रगति और चुनौतियों पर भी चर्चा की, और यह स्वीकार किया कि इस क्षेत्र में प्रतिस्पर्धा बेहद तीव्र हो गई है। AI टेक्नोलॉजी के विकास की गति इतनी तेज़ है कि गूगल को प्रतिस्पर्धियों से आगे रहने के लिए त्वरित और सटीक निर्णय लेने की आवश्यकता है।
2025: गूगल के इतिहास का अहम मोड़
AI क्षेत्र में गूगल की आगामी सफलता या विफलता न केवल कंपनी के लिए बल्कि टेक्नोलॉजी उद्योग के लिए भी एक निर्णायक पल हो सकती है। पिचाई की टिप्पणी यह स्पष्ट करती है कि गूगल को 2025 में अपने AI प्रयासों को तेज़ी से बढ़ाने की जरूरत होगी, ताकि वह प्रतिस्पर्धा के इस तेज़ रेस में अग्रणी बना रहे।
2025 में गूगल के प्रदर्शन से यह तय होगा कि वह AI क्षेत्र में अपनी प्रमुखता बनाए रख पाता है या नहीं, और क्या यह तेजी से बढ़ते प्रतिस्पर्धी माहौल में खुद को फिर से साबित कर पाएगा।
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